Home देश प्रियंका बोलीं 370 पर : जिस ढंग से किया गया, वह पूरी...

प्रियंका बोलीं 370 पर : जिस ढंग से किया गया, वह पूरी तरह असंवैधानिक

35
0

सोनभद्र. जम्मू कश्मीर से अनुच्छेद—370 निरस्त किये जाने पर कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा ने मंगलवार को कहा कि यह जिस ढंग से किया गया, वह पूरी तरह असंवैधानिक एवं लोकतंत्र के सिद्धांतों के विपरीत है.

उम्भा गांव के दौरे पर आयी प्रियंका ने 370 पर पहली प्रतिक्रिया देते हुए कहा, ”इसे जिस ढंग से किया गया, वह पूरी तरह असंवैधानिक है और लोकतंत्र के सिद्धांतों के विपरीत है.” उन्होंने कहा कि जब ऐसे फैसले किये जाते हैं तो नियम कायदों का पालन करना होता है लेकिन ऐसा नहीं किया गया.

प्रियंका ने कहा कि उनकी पार्टी संविधान और लोकतंत्र की रक्षा के लिए हमेशा संघर्ष करती आयी है. इस मुददे पर पार्टी में अलग अलग राय पर प्रियंका ने कहा, ”कांग्रेस की कोई अलग अलग राय नहीं आयी . कांग्रेस पार्टी की सीडब्ल्यूसी :कांग्रेस कार्यसमिति: जब हुई थी, उसमें स्पष्ट राय है . जो हुआ है वो संविधान को नकारा गया है और कांग्रेस पार्टी ने हमेशा संविधान के लिए, लोकतंत्र के लिए लडाई लडी है . हम उस लडाई को लडते रहेंगे .”

उन्होंने कहा, ”ये एक बहुत स्पष्ट राय है और यही स्टेटमेंट :बयान: है कि जिस तरह से ये किया गया है … ंिसधिया जी ने जो सीडब्ल्यूसी में हैं, उन्होंने भी ये स्टेटमेंट साइन :बयान पर दस्तखत: किया है तो सब सहमत हैं.” पत्रकारों के सवालों के जवाब में कांग्रेस महासचिव ने कहा कि हमारे यहां सिर्फ एक ही व्यक्ति की आवाज नहीं सुनी जाती है, जैसा भाजपा में होता है . कांग्रेस में सबकी आवाज सुनी जाती है, उस पर चर्चा होती है, तब कोई राय कायम होती है.

इससे पहले वाराणसी पहुंचने प्रियंका ने टवीट किया, ”आज मैं सोनभद्र जा रहा हूं, जहां मैं उम्भा गांव के अपने भाइयों, बहनों और बच्चों से मिलूंगी. उनकी कुशल क्षेम जानूंगी.” प्रियंका ने कहा कि उम्भा में नरसंहार पीडित परिवारों से चुनार के किले में मुलाकात के दौरान उन्होंने वायदा किया था कि वह फिर मिलने आएंगी. उत्तर प्रदेश कांग्रेस ने भी प्रियंका का फोटो टवीट किया है, जिसमें उन्हें सोनभद्र पहुंचते दिखाया गया है, जहां उनका पार्टी कार्यकर्ता भव्य स्वागत कर रहे हैं.

सोनभद्र पहुंची कांग्रेस महासचिव प्रियंका, की गोलीकांड के परिजन से मुलाकात
कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा मंगलवार को घर आकर मिलने का वादा निभाने के लिये, हाल में सामूहिक हत्याकांड के गवाह बने उत्तर प्रदेश के सोनभद्र स्थित उम्भा गांव पहुंची. उत्तर प्रदेश की भाजपा सरकार ने प्रियंका की इस यात्रा को राजनीतिक स्टंट करार देते हुए कहा कि कांग्रेस महासचिव को सोनभद्र में अपनी ही पार्टी के नेताओं के पूर्व के कृत्यों का पश्चात्ताप करना चाहिये.

पूर्वाह्न करीब 10 बजे वाराणसी के लालबहादुर शास्त्री अंतरराष्ट्रीय हवाईअड्डे पर पहुंचीं प्रियंका सड़क मार्ग से उम्भा गांव रवाना हुईं. इस दौरान उन्होंने ट्वीट कर कहा ”चुनार के किले पर मुझसे मिलने आये उम्भा गांव के पीड़ित परिवारों के सदस्यों से मैंने वादा किया था कि मैं उनके गांव आऊंगी. आज मैं उम्भा गांव के बहनों—भाइयों और बच्चों से मिलने, उनका हालचाल सुनने—देखने, उनका संघर्ष साझा करने सोनभद्र जा रही हूं.”

कांग्रेस के सूत्रों के मुताबिक प्रियंका ने सोनभद्र के उम्भा गांव में उन 10 गोंड आदिवासियों के परिजन से मुलाकात की जो पिछले महीने 17 जुलाई को जमीन के विवाद को लेकर हुई गोलीबारी में मारे गये थे. इस बीच, प्रदेश के उप मुख्यमंत्री दिनेश शर्मा ने कहा कि प्रदेश सरकार ने प्रियंका के सोनभद्र दौरे को सियासी स्टंट बताते हुए इसे मीडिया की सुर्खियां बटोरने की कोशिश करार दिया है.

उन्होंने संवाददाताओं से कहा कि राज्य सरकार ने सोनभद्र गोलीकांड मामले में यथासम्भव कठोरतम कार्रवाई की है. उन्होंने कहा कि जिस जमीन को लेकर वह वारदात हुई, उस पर कांग्रेस के शासनकाल में उसी के तत्कालीन विधान परिषद सदस्य और अन्य नेताओं ने कब्जा किया.

शर्मा ने कहा कि कांग्रेस के ही राज में वह जमीन अवैध रूप से बेची गयी, जिसकी परिणति पिछले महीने गोलीकांड में 10 लोगों के मारे जाने के तौर पर हुई. शर्मा ने कहा ”प्रियंका को पार्टी के पहले के नेताओं के कृत्यों का पश्चात्ताप करना चाहिये. उनका आना राजनीतिक स्टंट के सिवा कुछ नहीं हैं.”

गौरतलब है कि सोनभद्र के घोरावल थाना क्षेत्र स्थित इलाके में 17 जुलाई को जमीन के एक टुकड़े को लेकर हुए संघर्ष में 10 ग्रामीणों की हत्या कर दी गई थी और 28 अन्य घायल हो गए थे. मारे गए लोगों के परिजनों से मिलने 19 जुलाई को जा रहीं प्रियंका को मिर्जापुर जिला प्रशासन ने बीच में ही रोक लिया था. उनके धरने पर बैठने पर उन्हें हिरासत में ले लिया गया था. बाद में उन्हें चुनार गेस्ट हाउस ले जाया गया था.

अगली सुबह गोलीकांड के पीड़ित कुछ परिवारों ने गेस्ट हाउस आकर प्रियंका से मुलाकात की थी. मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और उनकी सरकार के मंत्रियों ने इसे प्रियंका का राजनीतिक स्टंट करार देते हुए उम्भा कांड के लिये कांग्रेस को दोषी ठहराया था.

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here