देश

साक्षर लोगों को कैसे शिक्षित होने की जरूरत, ये उसका सबसे सटीक उदाहरण : नडेला की टिप्पणी पर लेखी

नयी दिल्ली. संशोधित नागरिकता कानून (सीएए) पर माइक्रोसॉफ्ट के भारतवंशी सीईओ सत्या नडेला की टिप्पणी पर भाजपा सांसद मीनाक्षी लेखी ने मंगलवार को कहा कि यह इस बात का ‘‘सटीक उदाहरण’’ है कि कैसे साक्षरों को शिक्षित होने की आवश्यकता है. सीएए पर ‘बजफीड’ के एक सवाल पर नडेला ने कहा कि भारत में जो कुछ हो रहा है वह काफी ‘दुखी’ करने वाला है. नडेला ने कहा कि वह देश (भारत) में एक बांग्लादेशी आप्रवासी को करोड़ों डॉलर की टेक कंपनी बनाने में मदद करते देखना या इंफोसिस का सीईओ बनते देखना पसंद करेंगे.

लेखी ने कहा कि साक्षर लोगों को कैसे शिक्षित होने की जरूरत है, यह उसका सबसे सटीक उदाहरण है.’’ उन्होंने माइक्रोसॉफ्ट इंडिया द्वारा जारी नडेला के बयान को भी पोस्ट किया है. लेखी ने कहा, ‘‘सीएए के लिये सटीक वजह बांग्लादेश, पाकिस्तान और अफगानिस्तान में प्रताड़ना का शिकार होकर आए अल्पसंख्यकों को अवसर मुहैया कराना है. अमेरिका में यजीदी की बजाए सीरियाई मुसलमानों को अवसर देने के बारे में वह क्या सोचते हैं ?’’

बजफीड के ट्वीट के बाद नडेला को उद्धृत करते हुए माइक्रोसॉफ्ट इंडिया ने एक बयान जारी किया जिसमें उसके सीईओ ने कहा कि प्रत्येक देश अपनी सीमाओं को परिभाषित करे, राष्ट्रीय सुरक्षा का संरक्षण करे और उसी के अनुरूप अपनी आव्रजन नीति बनाए. लोकतंत्र में जनता और उनकी सरकारें इन्हीं दायरों में चर्चा करेंगी.

नडेला की टिप्पणी पर कांग्रेस ने कहा: आईना दिखाने वालो को मोदी सरकार देशद्रोही बता देती है
मॉइक्रोसॉफ्ट के सीईओ के एक बयान को लेकर कांग्रेस ने मंगलवार को नरेंद्र मोदी सरकार पर निशाना साधा और दावा किया कि सच्चाई का आईना दिखाने वाले व्यक्ति को मोदी सरकार देशद्रोही घोषित कर देती है. पार्टी के मुख्य प्रवक्ता रणदीप सुरजेवाला ने ट्वीट कर कहा, ‘‘मोदी जी का नारा शासन नहीं, विभाजन है. वह और उनके मंत्री आए दिन चाहे वो कानून के माध्यम से करें, सीएए, एनआरसी, एनपीआर और चाहे वो अपने बयानों से करें.’’

उन्होंने कहा, ‘‘हाथियों के पांव के तले रौंदवा देंगे, गोली से उड़ा देंगे, ंिजदा दफना देंगे, ये भारतीय जनता पार्टी की भाषा है. जब कोई राष्ट्रीय या अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर उन्हें आईना दिखाने का प्रयास करे तो फिर वो उसको देशद्रोही या भारत में व्यवसाय करने से रोक देते हैं.’’ दरअसल, पिछले दिनों संशोधित नागरिकता कानून (सीएए) पर वेबसाइट ‘बजफीड’ के एक सवाल पर नडेला ने कहा था कि भारत में जो कुछ हो रहा है वह काफी ‘दुखी’ करने वाला है.

नडेला ने कहा था, ‘‘मैं अपनी भारतीय विरासत के साथ आगे बढ़ा हूं. मैं बहुसंस्कृति वाले भारत और अमेरिका में अपने आव्रजन अनुभव के साथ पला बढ़ा हूं. मैं उम्मीद करता हूं कि भारत में कोई प्रवासी किसी स्टार्टअप को आगे बढ़ाए या किसी बहुराष्ट्रीय कंपनी को नेतृत्व प्रदान करे, जो भारतीय समाज और अर्थव्यवस्था को लाभ पहुंचाए.’’

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
Close