रायपुर

गौठानों को आजीविका केंद्र के रूप में विकसित करें : टी एस सिंहदेव

रायपुर. पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री टी एस सिंहदेव ने आज दूसरे दिन ठाकुर प्यारेलाल पंचायत एवं ग्रामीण विकास संस्थान निमोरा में विभागीय काम-काज की समीक्षा की. उन्होंने कहा कि गोधन न्याय योजना छत्तीसगढ़ सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता वाली योजना है.

इसके क्रियान्वयन के लिए कृषि विभाग नोडल अधिकारी है. उन्होंने कहा कि विभिन्न विभागों के समन्वित प्रयासों से इस योजना को सफल बनाना है. उन्होंने कहा कि गोठानों को आजीविका केंद्र के रूप में विकसित किया जाना है. गोधन न्याय योजना के क्रियान्वयन में पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग की सहभागिता सुनिश्चित होना चाहिए. उन्होंने गौठानों को स्वावलंबी बनाने, अधिक से अधिक वर्मी कंपोस्ट का उत्पादन बढ़ाने, स्व सहायता समूह को सक्रिय करने, किसानों और समुदाय को जोड़ने के निर्देश दिए.

मंत्री सिंहदेव ने कहा कि पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग के अधिकारी कृषि विभाग के जिला अधिकारियों से सहयोग लेकर गोठानों की गतिविधियों में और अधिक सुधार लाएं, गोबर से निर्मित उत्पादों को बढ़ाएं और मांग के अनुरूप वर्मी कंपोस्ट की आपूर्ति कृषि, उद्यानिकी, वन एवं शहरी विकास विभाग को सुनिश्चित करें. बैठक में कृषि उत्पादन आयुक्त एवं सचिव डॉ एम गीता ने गोठानों की स्थिति और वहां संचालित गतिविधियों, वर्मी कंपोस्ट निर्माण आदि की प्रस्तुतिकरण के जरिए जानकारी दी.

डॉ गीता ने बैठक में उपस्थित अधिकारियों से कहा कि वे गोठानों का नियमित निरीक्षण करें, गोठानों में गोबर खरीदी शुभम हो, समूह की महिलाओं को अधिक से अधिक लाभ हो. उन्होंने अधिकारियों से कहा कि समूहों को प्रदाय की जा रही गोबर एवं भुगतान आदि की जानकारी अद्यतन रखें.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
Close