युवाओं को अपनी हड्डियां गलाने के बाद मिलती है सेना में नौकरी: वरुण गांधी

नयी दिल्ली. भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) सांसद वरुण गांधी ने सोमवार को अग्निपथ प्रदर्शनकारियों को ‘‘जिहादी’’ कहने के लिए अपनी पार्टी के विधायक पर निशाना साधा और कहा कि देश के युवा सेना में सेवा के लिए अपनी ‘‘हड्डियां गला देते हैं’’, तब कहीं जाकर उन्हें सेना में नौकरी मिलती है. साथ ही उन्होंने कहा कि शांतिपूर्ण प्रदर्शन करना सभी का अधिकार है.

विभिन्न मुद्दों पर अक्सर पार्टी से अलग राय रखने वाले पीलीभीत के सांसद ने बिहार के भाजपा विधायक हरीशभूषण ठाकुर बछौल का एक वीडियो ट्विटर पर साझा किया, जिसमें विधायक प्रदर्शनकारियों को ‘‘जिहादी’’ और ‘‘खालिस्तानी’’ कहते हुए दिखाई दे रहे हैं.
वीडियो में बछौल ने कहा, ‘‘प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का विरोध करने वाले जिहादी अग्निपथ के विरोध में बिहार में हुई ंिहसा और आगजनी के पीछे थे, और उन्होंने ऐसा मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के जद(यू) के ‘‘बड़े नेताओं’’ के बयानों से उत्साहित होकर किया.’’ गांधी ने सांसदों द्वारा सभी को एक ही तराजÞू में तौलने पर आपत्ति जताई और सेना में शामिल होने वाले युवाओं और इस प्रक्रिया में उनके द्वारा किए गए प्रयासों की प्रशंसा की.

वरुण गांधी ने ट्विटर पर लिखा, ‘‘जब किसान अपने अधिकारों के लिए सड़क पर उतरे, तो वह ‘‘खालिस्तानी’’ थे, अब युवा सेना में भर्ती के लिए सड़कों पर आये हैं तो वह ‘‘जिहादी’’ हैं. ये युवा, भारत माता की सेवा की भावना से दधीची की तरह अपनी हड्डियों को गलाते हैं और फिर सेना में नौकरी मिलती है. लोकतंत्र में शांतिपूर्ण प्रदर्शन हर किसी का अधिकार है.’’ गांधी अग्निपथ योजना पर सवाल उठाने वाले पहले व्यक्तियों में से थे. उन्होंने कहा था कि अगर सरकार पांच साल के लिए चुनी जाती है तो युवाओं को सशस्त्र बलों में चार साल की सेवा तक सीमित क्यों रखा जाना चाहिए. उन्होंने यह भी कहा था कि जब सशस्त्र बलों, सुरक्षा और युवाओं के भविष्य की बात आती है तो संवेदनशील सरकार के लिए ‘‘पहले योजना लाना और बाद में सोचना’’ उचित नहीं है.

Leave a Reply

Your email address will not be published.

Back to top button